GLOBAL AWAAZ मुख्य पृष्ठ पर लौटें
India

रांची में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई, 38,290 चालान से 3.18 करोड़ रुपये का जुर्माना

A
Anurag Iwin Roberts
Editor & Correspondent at Global Awaaz
09:44 am| 23 October 2026| 5 min read|
रांची में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई, 38,290 चालान से 3.18 करोड़ रुपये का जुर्माना


रांची: दुर्गा पूजा के दौरान राजधानी रांची में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ट्रैफिक पुलिस ने सख्ती दिखाई। 10 से 21 अक्टूबर 2026 के बीच यातायात नियमों के उल्लंघन के मामले में कुल 38,290 चालान जारी किए गए। इन चालानों के जरिए कुल 3 करोड़ 18 लाख 39 हजार 400 रुपये का जुर्माना लगाया गया।

बिना हेलमेट वाहन चलाने के सबसे अधिक मामले

जारी आंकड़ों के अनुसार, यातायात नियमों के उल्लंघन में सबसे अधिक मामले बिना हेलमेट वाहन चलाने के रहे। इस दौरान ऐसे वाहन चालकों के खिलाफ कुल 24,413 चालान काटे गए। वहीं, नो पार्किंग में वाहन खड़ा करने के मामले में 7,782 चालान जारी किए गए।

इसके अलावा, तेज रफ्तार से वाहन चलाने के मामले में 1,931 और रेड लाइट का उल्लंघन करने पर 823 चालान काटे गए। इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि निर्धारित यातायात नियमों का पालन नहीं करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई की गई।

बिना लाइसेंस और बीमा के वाहन चलाने पर भी कार्रवाई

ट्रैफिक पुलिस की कार्रवाई के दौरान बिना ड्राइविंग लाइसेंस वाहन चलाने के मामले में 232 चालान जारी किए गए। वहीं, बिना वैध बीमा के वाहन चलाने पर 127 और सीट बेल्ट नहीं लगाने पर 116 चालान काटे गए।

यातायात नियमों का पालन करने की अपील

दुर्गा पूजा के दौरान राजधानी में श्रद्धालुओं की आवाजाही और वाहनों की संख्या बढ़ने के कारण यातायात व्यवस्था बनाए रखना महत्वपूर्ण होता है। ऐसे में यातायात नियमों का उल्लंघन सड़क सुरक्षा के साथ-साथ अन्य लोगों के लिए भी परेशानी का कारण बन सकता है।

वाहन चालकों के लिए हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल करना, निर्धारित गति सीमा का पालन करना, रेड लाइट पर रुकना और नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करने से बचना जरूरी है। यातायात नियमों का पालन करने से दुर्घटनाओं की आशंका कम करने और शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने में मदद मिलती है।

"The convergence of information, technology, and global transparency represents the foundation of responsible journalism."

इस खबर को सोशल मीडिया पर शेयर करें

व्हाट्सएप, एक्स (ट्विटर), फेसबुक या डायरेक्ट लिंक द्वारा साझा करें