जमशेदपुर: साकची थाना क्षेत्र के सब्जी मंडी इलाके में स्थित गुप्ता लॉज में कथित अनैतिक गतिविधियों का मामला सामने आया है। पुलिस ने लॉज में छापेमारी कर संचालक मानिक साह और सह संचालक नारायण तंतुबाई को गिरफ्तार किया है। पूछताछ के बाद दोनों को सोमवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
इस मामले में साकची थाना प्रभारी गोपाल कृष्ण यादव के बयान पर मानिक साह, नारायण तंतुबाई और कंचन कुमारी के खिलाफ अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।
गुप्त सूचना के बाद लॉज में पहुंची पुलिस
पुलिस के मुताबिक, साकची थाना को सूचना मिली थी कि गुप्ता लॉज में संदिग्ध गतिविधियां चल रही हैं। सूचना में यह भी आरोप लगाया गया था कि बाहर से महिलाओं को बुलाकर वहां अनैतिक गतिविधियों को अंजाम दिया जाता है।
सूचना मिलने के बाद वरीय अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस टीम ने लॉज में छापेमारी की। पुलिस ने लॉज के अलग-अलग कमरों की तलाशी ली और वहां से कई सामान बरामद किए।
कमरों से मिले महिलाओं के कपड़े और अन्य सामान
पुलिस के अनुसार, तलाशी के दौरान लॉज के कमरों से महिलाओं के कपड़े, शराब की बोतल, सिगरेट और अन्य आपत्तिजनक सामान बरामद हुए हैं।
पुलिस ने बरामद सामान को जांच का हिस्सा बनाया है। हालांकि, इन सामानों की मौजूदगी अपने आप में किसी व्यक्ति के अपराध में शामिल होने का निर्णायक प्रमाण नहीं है। मामले में पुलिस अन्य साक्ष्यों और बयानों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
लॉज के रजिस्टर की भी जांच
छापेमारी के दौरान पुलिस ने लॉज में रखे रजिस्टर की भी जांच की। पुलिस के मुताबिक, रजिस्टर में आने-जाने वाले लोगों की जानकारी पूरी तरह दर्ज नहीं मिली।
जांच एजेंसी इस बात की पड़ताल कर रही है कि लॉज में आने वाले लोगों का रिकॉर्ड सही तरीके से क्यों नहीं रखा गया था और वहां संदिग्ध गतिविधियां कितने समय से चल रही थीं।
अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच
संचालक और सह संचालक की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि लॉज में कथित अनैतिक गतिविधियां कब से संचालित हो रही थीं और इसमें अन्य कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं।
इसके अलावा लॉज में आने-जाने वाले लोगों की जानकारी भी जुटाई जा रही है। पुलिस उपलब्ध दस्तावेजों, रजिस्टर और अन्य साक्ष्यों की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।
फिलहाल मामले में पुलिस की जांच जारी है और प्राथमिकी में नामजद सभी लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है।

