रांची: त्योहारों की रौनक के बीच राजधानी रांची की सड़कों पर एक ऐसी मां की कहानी सामने आई है, जो अपने छोटे से बच्चे के साथ परिवार की जिम्मेदारी निभाने के लिए दिन-रात मेहनत कर रही है। हैदराबाद से रांची आई यह महिला सड़क किनारे फूलों की माला और सजावटी लटकन बेचकर अपने परिवार का गुजारा कर रही है। उसके साथ महज डेढ़ साल का बच्चा भी रहता है, जिसकी देखभाल करते हुए वह अपना काम कर रही है।
त्योहार के मौसम में बाजारों में फूलों की माला और सजावटी सामान की मांग बढ़ जाती है। इसी उम्मीद के साथ महिला रांची पहुंची है, ताकि कुछ कमाई कर परिवार की आर्थिक जरूरतों को पूरा कर सके। सड़क किनारे दुकान लगाकर वह ग्राहकों का इंतजार करती है और साथ ही अपने बच्चे की देखभाल भी करती है।
बच्चे की जिम्मेदारी के साथ परिवार की चिंता
महिला के लिए यह काम आसान नहीं है। एक तरफ डेढ़ साल के बच्चे की देखभाल की जिम्मेदारी है, तो दूसरी तरफ परिवार के पालन-पोषण की चिंता। इसके बावजूद वह हिम्मत नहीं हार रही है और लगातार मेहनत कर रही है। बच्चे को अपने पास रखते हुए फूलों की माला और लटकन बेचना उसकी रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन गया है।
त्योहार के बाद लौटना है हैदराबाद
महिला के मुताबिक, वह हैदराबाद से रांची आई है और त्योहार के बाद वापस लौटना है। कुछ दिनों के लिए दूसरे शहर में आकर काम करना और छोटे बच्चे के साथ रहना उसके लिए चुनौतीपूर्ण है। इसके बावजूद परिवार की जरूरतों को पूरा करने की कोशिश में वह जुटी हुई है।
रांची की सड़कों पर दिख रही इस मां की मेहनत बताती है कि परिवार की जिम्मेदारियां निभाने के लिए महिलाएं कितने संघर्ष से गुजरती हैं। त्योहार की चमक-दमक के बीच उसकी यह कहानी मेहनत, हौसले और मातृत्व की एक भावुक तस्वीर पेश करती है।

