GLOBAL AWAAZ मुख्य पृष्ठ पर लौटें
Politics

SIR को लेकर कांग्रेस का चुनाव आयोग पर हमला, कल प्रदेशभर में आक्रोश मार्च का ऐलान

N
Naveen Kumar
Editor & Correspondent at Global Awaaz
11:49 am| 27 September 2026| 5 min read|
SIR को लेकर कांग्रेस का चुनाव आयोग पर हमला, कल प्रदेशभर में आक्रोश मार्च का ऐलान

रांची। झारखंड प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश और कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर चुनाव आयोग पर गंभीर सवाल उठाए। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि SIR की प्रक्रिया में कई स्तरों पर विसंगतियां हैं और इसके जरिए मतदाताओं के अधिकारों को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है।

कांग्रेस ने घोषणा की कि देशभर के सभी जिला मुख्यालयों पर आक्रोश मार्च निकाला जाएगा। वहीं, झारखंड में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय के बाहर भी पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा प्रदर्शन किए जाने की बात कही गई है।

‘चुनाव आयोग की पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल’

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने कहा कि चुनाव आयोग की पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लगातार मतदाता सूची और SIR से जुड़े मुद्दों को जनता के सामने उठा रही है।

उन्होंने राहुल गांधी द्वारा चुनाव प्रक्रिया और कथित ‘वोट चोरी’ को लेकर लगाए गए आरोपों का भी जिक्र किया। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी ने साक्ष्यों के साथ इन मुद्दों को जनता के सामने रखने का काम किया है।

केशव महतो कमलेश ने SIR की प्रक्रिया को लेकर आरोप लगाया कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने के दौरान कई तरह की विसंगतियां सामने आ रही हैं। उन्होंने दावा किया कि इससे अल्पसंख्यक, दलित और OBC मतदाताओं पर असर पड़ने की आशंका है।

‘झारखंड में लाखों मतदाताओं के नाम हटाने की कोशिश’

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने दावा किया कि झारखंड में SIR की प्रक्रिया के तहत करीब 45 लाख मतदाताओं के नाम विलोपित किए जाने की प्रक्रिया चल रही है। हालांकि, इस आंकड़े और दावे की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि कांग्रेस के बयान में उपलब्ध नहीं कराई गई है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता लोकतंत्र और मतदाताओं के वोट के अधिकार की रक्षा के लिए आंदोलन करेंगे।

प्रदीप यादव बोले- ‘वोट के अधिकार को छीनने का प्रयास’

कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने कहा कि देश इस समय बेहद कठिन दौर से गुजर रहा है और आरोप लगाया कि लोगों के वोट के अधिकार को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।

उन्होंने चुनाव आयोग पर आरोप लगाते हुए कहा कि मतदाता सूची में कहीं नाम काटे जा रहे हैं, कहीं नाम जोड़े जा रहे हैं और कहीं डुप्लीकेसी के नाम पर कार्रवाई की जा रही है। उनके अनुसार, SIR के दौरान लगातार नई शर्तें लागू किए जाने से आम मतदाताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

Form 6 को लेकर भी कांग्रेस ने उठाए सवाल

प्रदीप यादव ने Form 6 को लेकर भी चुनाव आयोग पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि नए मतदाताओं को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए Form 6 महत्वपूर्ण है, लेकिन इसके लिए भी नई शर्तें जोड़ी जा रही हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि Form 6 के जरिए नाम जोड़ने की प्रक्रिया को कठिन बनाया जा रहा है। कांग्रेस नेता ने कहा कि चुनाव आयोग को फॉर्म और प्रक्रिया में बदलाव करने के अधिकार को लेकर भी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।

‘झारखंड के CEO पर राजनीतिक दबाव में काम करने का आरोप’

प्रदीप यादव ने झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कामकाज पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि राज्य के CEO केंद्र के शीर्ष नेतृत्व को खुश करने के लिए ऐसे निर्णय ले रहे हैं, जिनसे मतदाताओं को परेशानी हो रही है।

उन्होंने कहा कि अधिकारियों को भेजे गए पत्रों में भी कथित तौर पर विरोधाभास दिखाई देता है। प्रदीप यादव ने दावा किया कि झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने उपायुक्तों को करीब 36 पत्र भेजे हैं और इन पत्रों में कई बिंदुओं को लेकर विरोधाभास है।

हालांकि, इन आरोपों पर निर्वाचन विभाग या संबंधित अधिकारियों का पक्ष इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में उपलब्ध नहीं कराया गया।

‘लोकतंत्र पर खतरे की घंटी’

प्रदीप यादव ने कहा कि कांग्रेस के अनुसार SIR में जिस तरह की शर्तें और प्रक्रियाएं सामने आ रही हैं, उससे लोकतांत्रिक व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ी है। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी परिस्थितियां बनाई जा रही हैं, जिससे सत्तारूढ़ दल के विरोध में मतदान करने वाले लोगों के नाम प्रभावित हो सकते हैं।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को सामान्य राजनीतिक विषय नहीं मानती, बल्कि इसे लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा गंभीर मामला मानती है।

कल मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन

कांग्रेस नेताओं ने घोषणा की कि पार्टी की ओर से कल मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया जाएगा। इसके साथ ही देशभर के जिला मुख्यालयों पर भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा आक्रोश मार्च निकालने की बात कही गई है।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि पार्टी लोकतांत्रिक व्यवस्था और मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए आंदोलन जारी रखेगी।

चुनाव आयोग से जवाब की मांग

कांग्रेस ने SIR के तहत मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने और सुधार की प्रक्रिया को लेकर चुनाव आयोग से पारदर्शिता बरतने की मांग की है। पार्टी का कहना है कि किसी भी पात्र मतदाता का नाम मतदाता सूची से नहीं हटना चाहिए और नए पात्र मतदाताओं को सूची में शामिल करने की प्रक्रिया सरल होनी चाहिए।

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर भी बेहद तीखी टिप्पणी की और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इन टिप्पणियों को कांग्रेस नेताओं के राजनीतिक आरोप के तौर पर देखा जा रहा है।

फिलहाल SIR को लेकर कांग्रेस और चुनाव आयोग के बीच विवाद लगातार तेज होता जा रहा है। कांग्रेस के प्रस्तावित प्रदर्शन के बाद इस मुद्दे पर राज्य में राजनीतिक सरगर्मी और बढ़ने की संभावना है।

"The convergence of information, technology, and global transparency represents the foundation of responsible journalism."

इस खबर को सोशल मीडिया पर शेयर करें

व्हाट्सएप, एक्स (ट्विटर), फेसबुक या डायरेक्ट लिंक द्वारा साझा करें